"किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार" यह भजन खाटू श्याम जी की असीम कृपा और उनके प्रति अनन्य समर्पण का एक सुंदर प्रतीक है। खाटू श्याम, जिन्हें कलयुग का साक्षात अवतार माना जाता है, अपने भक्तों की पुकार पर सदैव तत्पर रहते हैं। यह भजन इस भाव को पुष्ट करता है कि श्याम बाबा के दरबार में जाना केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि भाग्य का उदय है। जब भक्त अपनी खाली झोली लेकर उनके द्वार पर पहुँचता है, तो प्रभु उसे अपनी करुणा से भर देते हैं। यह भजन प्रेम, विश्वास और अटूट श्रद्धा का संगम है, जो भक्तों को यह संदेश देता है कि कलयुग में श्याम ही एकमात्र सहारा हैं।
सम्पूर्ण भजन लिरिक्स | Complete Bhajan Lyrics
किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार,
सच्ची सरकार तुम्हारी, सांचा दरबार।
किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार॥
जो भी गया है श्याम प्रभु के द्वार,
पाया उसने सांवरिये का प्यार।
एक झलक जिसको भी मिल जाये,
महक उठे मन, बगिया खिल जाए।
खाली झोली जो लाए, भरता भण्डार,
किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार॥
कलयुग में बस एक सहारा है,
खाटू वाला श्याम हमारा है।
चारों तरफ दरबार की चर्चा है,
हाथों हाथ ये देता पर्चा है।
ऐसा ये देव दयालु है, लखदातार,
किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार॥
दुखड़े अपने इन्हें सुना जाओ,
भक्तो श्याम शरण में आ जाओ।
बिगड़ी बातें श्याम बनायेगा,
जब भी पुकारो दौड़ा आयेगा।
पल-भर की देर करे ना, ऐसा दिलदार,
किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार॥
भजन का सरल हिंदी अर्थ एवं भावार्थ | Bhajan Meaning & Bhavarth
इस भजन का मुख्य भाव 'शरणागति' है। भक्त कहता है कि खाटू श्याम का दरबार हर किसी को नसीब नहीं होता, यह केवल उन्हीं को मिलता है जिनका भाग्य जागृत होता है। 'सच्ची सरकार' और 'सांचा दरबार' कहकर कवि ने श्याम बाबा की न्यायप्रियता और सत्यता को रेखांकित किया है। भजन में बताया गया है कि जो भी भक्त सच्चे मन से खाटू की पावन भूमि पर जाता है, उसे सांवरिया का प्रेम अवश्य मिलता है। 'खाली झोली' का अर्थ है—मन की व्याकुलता और अभाव, जिसे श्याम बाबा अपनी कृपा से भर देते हैं। कलयुग में जब चारों ओर अंधकार और निराशा है, तब श्याम बाबा का नाम ही एकमात्र प्रकाश पुंज है। 'पर्चा देना' खाटू श्याम की वह अद्भुत लीला है, जिसमें वे अपने भक्तों की समस्याओं का समाधान चमत्कारिक रूप से करते हैं।
भजन की मुख्य विशेषताएं एवं महत्व | Highlights & Spiritual Significance
- भक्ति का केंद्र: यह भजन खाटू श्याम जी के प्रति अटूट विश्वास को दर्शाता है।
- कलयुग के देव: श्याम बाबा को कलयुग का सबसे दयालु देव माना गया है, जो 'लखदातार' हैं।
- सांत्वना का स्रोत: यह भजन उन भक्तों के लिए है जो जीवन में दुखों से घिरे हैं और प्रभु की शरण चाहते हैं।
- चमत्कारिक विश्वास: 'पर्चा देना' शब्द खाटू श्याम की महिमा का प्रतीक है, जो भक्तों के कष्टों को दूर करने की उनकी शक्ति को दर्शाता है।
भजन गायन व श्रवण का समय एवं विधि | When & How to Sing
इस भजन को किसी भी समय गाया जा सकता है, परंतु एकादशी के दिन या श्याम बाबा के कीर्तन के समय इसका गायन विशेष फलदायी होता है। इसे गाते समय मन में पूर्ण समर्पण का भाव रखें। यदि संभव हो, तो श्याम बाबा की प्रतिमा के समक्ष दीपक जलाकर और पुष्प अर्पित करके इसे गाएं।
भजन से जुड़े देवी-देवता एवं संत | Associated Deity / Saint
यह भजन भगवान श्री कृष्ण के कलयुगी स्वरूप 'खाटू श्याम जी' को समर्पित है। खाटू श्याम जी मूलतः महाभारत के वीर योद्धा बर्बरीक हैं, जिन्हें श्री कृष्ण ने कलयुग में अपने नाम से पूजे जाने का वरदान दिया था। उनके बारे में अधिक जानने के लिए खाटू श्याम जी का इतिहास पढ़ें।
भजन के प्रमुख शब्दों का अर्थ | Important Word Meanings
| शब्द | अर्थ |
|---|---|
| लखदातार | लाखों का दान करने वाला, अत्यंत दानी। |
| सांचा दरबार | सत्य और न्याय का स्थान। |
| पर्चा देना | भक्तों की मनोकामना पूरी करना या चमत्कार दिखाना। |
| दिलदार | उदार हृदय वाला, दयालु। |
एक नजर में भजन की जानकारी | Bhajan Quick Information
| भजन का नाम | किस्मत वालों को मिलता है श्याम तेरा दरबार |
|---|---|
| देवता | खाटू श्याम जी (बर्बरीक) |
| भाषा | हिंदी |
| विषय | भक्ति एवं समर्पण |
| भाव | करुणा और विश्वास |
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
संपादकीय रूप से तैयार सामग्री।
स्रोत एवं संदर्भ | Sources & References
यह सामग्री पारंपरिक खाटू श्याम भजनों की संकलित प्रतिलिपि और लोक मान्यताओं पर आधारित है।
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