मैंने सुना है सांवरे हारे का देते साथ – Lyrics (Nirgun Bhajan)
मैंने सुना है सांवरे हारे का देते साथ,
लो आ गया मैं हार के, पकड़ो जी मेरा हाथ,
मैंने सुना है सांवरे हारे का देते साथ॥
हस हस के सह गया प्रभु, गैरों की मार को,
पर मैं सह सका नहीं, अपनों के वार को,
जिन पे भरोसा था सदा, उनसे ही खाई मात,
ो आ गया मैं हार के, पकड़ो जी मेरा हाथ,
मैंने सुना है सांवरे हारे का देते साथ॥
बन्दे अब छोड़ दे हरबड़ी,
श्याम भजले घड़ी दो घड़ी,
जीत जाएगा तू हर कदम पर,
इसकी नजरे जो तुझपे...
🙏 भजन का अर्थ और संदेश
यह निर्गुण भजन जीवन की कठिनाइयों और ईश्वर पर भरोसे का संदेश देता है। “मैंने सुना है सांवरे हारे का देते साथ” – यह पंक्ति बताती है कि जब मनुष्य हार जाता है, तो भगवान उसका साथ देते हैं। भजन में कहा गया है कि भगवान गैरों की मार को सह लेते हैं, लेकिन अपनेपन के धोखे से बचाना मुश्किल होता है। अंत में, भगवान पर भरोसा रखने और उनकी भक्ति करने का संदेश दिया गया है।
यह भजन संतों की वाणी की तरह जीवन जीने की सही राह दिखाता है – प्रभु भक्ति और नेक कर्म ही ऐसे धन हैं जो अंत तक साथ देते हैं।
🎵 भजन की विशेषताएँ
यह भजन पारंपरिक रूप से गाया जाता है और इसकी लोकप्रियता उत्तर भारत में बहुत है। इसकी सरल और गहरी भावनाओं ने इसे भक्तों के बीच विशेष स्थान दिलाया है।