सनातन श्रेणी संग्रह

Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti संग्रह

भक्तिलोक पर Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti के अंतर्गत सभी भक्ति रचनाओं, भजनों, आरतियों, चालीसा और मंत्रों का प्रामाणिक संकलन सरल हिंदी भावार्थ एवं शास्त्रीय संदर्भ सहित पढ़ें।

3 पावन रचनाएँ उपलब्ध
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Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti परिचय एवं आध्यात्मिक महत्व

सनातन संस्कृति और भक्ति परंपरा में Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti का स्थान अत्यंत पावन है। कलियुग में नाम संकीर्तन और प्रभु वंदना को समस्त क्लेशों से मुक्ति तथा आत्मिक शांति का सबसे सुलभ साधन बताया गया है।

भक्तिलोक के संपादकीय मंडल द्वारा इस संग्रह के प्रत्येक भजन, पद, स्तुति एवं कथा को शुद्धता, व्याकरणिक स्पष्टता, पौराणिक संदर्भ और भावार्थ के साथ प्रस्तुत किया गया है ताकि श्रद्धालुजन सुगमता से भक्ति रस का अनुभव कर सकें।

Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti संग्रह (3)

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सनातन भजन

श्री बृहस्पति चालीसा (Shree Brihaspati Chalisa Lyrics in Hindi) - Brahaspati Chalisa - Bhaktilok

 श्री बृहस्पति चालीसा (Shree Brihaspati Chalisa Lyrics in Hindi) - || दोहा ||प्रन्वाऊ प्रथम गुरु चरण बुद्धि ज्ञान गुन खानश्रीगणेश …

भक्ति संकीर्तन

श्री बृहस्पति देव की आरती (Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti Lyrics ) | जय वृहस्पति देवा ( Jay Brihaspati Deva Lyrics ) - Bhakti lok

श्री बृहस्पति देव की आरती (Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti Lyrics ) जय वृहस्पति देवाऊँ जय वृहस्पति देवा ।छिन छिन भोग लगाऊँकदली फल मेवा …

दिव्य स्तुति

श्री बृहस्पतिदेव चालीसा (Brihaspati Chalisa Lyrics in Hindi) - Brihaspati Chalisa - Bhaktilok

 श्री बृहस्पतिदेव चालीसा (Brihaspati Chalisa Lyrics in Hindi) - || दोहा ||प्रन्वाऊ प्रथम गुरु चरण बुद्धि ज्ञान गुन खानश्रीगणेश शार…

Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti से जुड़े मुख्य प्रश्न (FAQs)

Shri Brihaspati Dev Ji Ki Aarti श्रेणी में इस विषय से संबंधित सभी प्रामाणिक भजन, स्तुतियां, आरतियां, चालीसा और कथाएं शुद्ध पाठ व सरल हिंदी भावार्थ के साथ संकलित की गई हैं।

नियमित भक्ति संकीर्तन से मानसिक तनाव कम होता है, अंतःकरण शुद्ध होता है और घर-परिवार में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता । कहहिं सुनहिं बहुबिधि सब सन्ता ।।