ग्रंथ परिचय (Book Introduction)
वल्लभाचार्य का शुद्धाद्वैत वेदान्त पर अनुभाष्य।
वल्लभाचार्य का ब्रह्मसूत्र भाष्य (अनुभाष्य)।
ब्रह्मसूत्रवल्लभाचार्यभाष्य, जिसे अनुभाष्य के नाम से जाना जाता है, वल्लभाचार्य द्वारा रचित शुद्धाद्वैत वेदान्त का मूल ग्रंथ है। इसमें ब्रह्मसूत्रों की व्याख्या भगवान कृष्ण को सर्वोच्च ब्रह्म मानते हुए, पुष्टिमार्ग के सिद्धांतों के अनुसार की गई है।
यह भाष्य अद्वैत, विशिष्टाद्वैत और द्वैत से भिन्न शुद्धाद्वैत दर्शन का प्रतिपादन करता है।
सर्वाधिक पढ़े जाने वाले लोकप्रिय अध्याय (Top 20 Chapters)
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ग्रंथ की संपूर्ण जानकारी (Book Specifications)
मूल शीर्षक (Original Title)
ब्रह्मसूत्रवल्लभाचार्यभाष्य (Anubhashya) – हिंदी अनुवाद
हिंदी शीर्षक (Hindi Title)
ब्रह्मसूत्रवल्लभाचार्यभाष्य
अंग्रेजी शीर्षक (English Title)
Brahma Sutra Vallabhacharya Bhashya
श्रेणी (Category)
वेदान्त
पृष्ठ संख्या (Pages)
450 पृष्ठ
अंतिम अद्यतन (Updated)
25 September 2026
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