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Durga Bhajan Lyrics

दुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँ (Durga hai meree maan ambe hai meree maa lyrics in hindi) - Bhaktilok

87 पाठकों ने पढ़ा | लेखक: Deepak Kumar Bind
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माँ दुर्गा का भक्ति गीत: शक्ति और कृपा का स्रोत

माँ दुर्गा की महिमा का歌न करें, अपने हृदय में श्रद्धा भरें और समस्त अडचनों से मुक्ति पाएं।

दुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँजय बोलो जय माता दी, जय हो...जो भी दर पे आए, जय हो...वो खाली न जाए, जय हो...सबके काम है करती, जय हो...सबके दुखरे हरती, जय हो...मैया मेरी शेरोवाली, जय हो...भरदे झोली खाली, जय हो...मैया मेरी शेरोवाली, जय हो...भरदे झोली खाली जय हो...दुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँ...दुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँ...सारे जग को खेल खिलायेबिच्डो को जो खूब मिलाये दुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँ...पूरे करे अरमान जो सारे,देती है वरदान जो सारेदुर्गा है मेरी माँ अम्बे है मेरी माँ...

🙏 विस्तृत अर्थ और भावार्थ

इस भजन के माध्यम से भक्त माता दुर्गा की महिमाओं का गुणगान करते हैं। 'दुर्गा है मेरी माँ, अम्बे है मेरी माँ' का अर्थ है कि माता दुर्गा, जो कि सभी देवीयों की माता हैं, हमें सदा संरक्षण और सहायता प्रदान करती हैं। यह पंक्ति उनके मातृस्वरूप को दर्शाती है, जो संसार की सभी समस्याओं को हल करने में सक्षम हैं। 'जो भी दर पे आए, वो खाली न जाए' इस विचार की पुष्टि करता है कि जो भक्त माता दुर्गा की शरण में आते हैं, उनकी सभी इच्छाएँ पूरी होती हैं। भजन का एक और महत्वपूर्ण संदेश यह है कि 'सबके काम है करती', जिससे यह स्पष्ट होता है कि माँ दुर्गा संसार के सभी जीवों के प्रति समान स्नेह और करुणा रखती हैं।

भावार्थ के संदर्भ में, यह भजन शुद्ध भक्ति और विश्वास का प्रतीक है। 'मैया मेरी शेरोवाली, भरदे झोली खाली' का भाव यह बताता है कि भक्त जब माँ दुर्गा को सच्चे मन से पुकारते हैं, तो वे अपने भक्तों के दुख-दर्द को सुनती हैं और उनकी झोली को आशीर्वादों से भर देती हैं। 'सारे जग को खेल खिलाये' से यह भी स्पष्ट होता है कि देवी महिमा में जगत की संपूर्णता का सामंजस्य है। उनके बिना संसार की कोई भी सृष्टि संभव नहीं है। इसलिए, यह भजन भक्तों को यह संदेश देता है कि उनकी अंतःकरण में माता दुर्गा का आशीर्वाद सदैव बना रहे।

इस भजन में भक्ति मार्ग का गहरा अर्थ समाहित है। भक्ति मार्ग का अर्थ है, ईश्वर के प्रति सच्ची श्रद्धा, प्रेम, और समर्पण। 'पूरे करे अरमान जो सारे' दर्शाता है कि जब भक्त अपने दिल की गहराइयों से माता से प्रार्थना करते हैं, तो वह उनकी सभी इच्छाओं को पूर्ण करती हैं। यह आत्मिक शांति, मानसिक संतुलन और साधना के माध्यम से भक्ति का अनुभव कराता है। देवी दुर्गा का पूजन, भक्त का मार्ग प्रशस्त करता है और उसे आध्यात्मिक उन्नति की ओर ले जाता है।

🔍 विशेष महत्त्व और लाभ

इस भजन का महत्व पौराणिक संदर्भों में स्पष्ट है। देवी दुर्गा, जो कि सर्ग की जननी हैं, महाकाली, महासरस्वती और महालक्ष्मी का समावेश करती हैं। उनका वर्णन पुराणों में शक्ति, साहस और प्रारंभ के स्रोत के रूप में किया गया है। देवी दुर्गा का पूजा अनादिकाल से होता आ रहा है और यह मान्यता है कि दुर्गा पूजा या नवरात्रि समारोह के दौरान इस प्रकार के भजन गाते हुए श्रद्धालु देवी के प्रति अपनी भक्ति प्रकट करते हैं। यह भजन भक्तों को उनकी कृपा में लाने का साधन है।

मां जगदम्बा के ५१ पवित्र धामों की यात्रा और उनके आध्यात्मिक महत्व को समझने के लिए ५१ शक्तिपीठ दर्शन निर्देशिका अवश्य देखें। इस भजन का नियमित जाप मानसिक तनाव को कम करने और आध्यात्मिक उन्नति में सहायक हो सकता है। यह भक्तों को मानसिक शांति प्रदान करता है और उनकी शक्ति को जागृत करता है।भक्ति के साथ गाने से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है, जिससे जीवन में आनंद और सुख की अनुभूति होती है।

🕒 साधना एवं गायन विधि

इस भजन का जाप सुबह में सूर्योदय से पहले या संध्या के समय करना श्रेष्ठ होता है। पूजा स्थल पर एक दीप जलाएं और माता दुर्गा को हार फूलों से अर्पित करें। ध्यान रखें कि जब आप भजन गाएं, तो मन और हृदय दोनों से उनकी महिमा का स्मरण करें और निस्वार्थ भाव से समर्पण करें।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

इस भजन का अर्थ क्या है?

इस भजन का अर्थ है देवी दुर्गा, जो कि माँ हैं, हमें सभी दुखों से मुक्ति दिलाने वाली और आशीर्वाद देने वाली हैं।

क्या यह भजन विशेष अवसरों पर गाया जाता है?

हाँ, यह भजन नवरात्रि, दुर्गा पूजा और अन्य धार्मिक अवसरों पर भक्ति भाव से गाया जाता है।

इस भजन का जाप करने का कोई खास लाभ है?

इस भजन का जाप मानसिक शांति, आंतरिक शक्ति और देवी दुर्गा के आशीर्वाद के लिए अत्यंत लाभदायक है।

विश्वसनीय धार्मिक एवं आध्यात्मिक जानकारी

यह सामग्री भक्तिलोक संपादकीय टीम द्वारा उपलब्ध धार्मिक स्रोतों, प्रकाशित संदर्भों और परंपरागत पाठों की तुलना के आधार पर तैयार एवं समीक्षा की गई है। जहाँ पाठ के विभिन्न संस्करण उपलब्ध हैं, वहाँ संबंधित संस्करण या स्रोत का उल्लेख किया जाता है।

समीक्षित एवं सत्यापित अंतिम अद्यतन: 02 Sep 2026

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