Krishna Bhajan मंगलवार विशेष (श्री हनुमान जी व मंगल देव)

Banwari Re Jeene Ka Sahara - A Song by Lata Mangeshkar - Krishna Bhajan

लता मंगेशकर जी द्वारा गाया गया प्रसिद्ध कृष्ण भजन 'बनवारी रे जीने का सहारा तेरा नाम रे' के लिरिक्स और भावार्थ पढ़ें। संदर्भ एवं व्याख्या सहित।

"बनवारी रे जीने का सहारा तेरा नाम रे" - यह कालजयी भजन लता मंगेशकर जी के मधुर कंठ से स्वरबद्ध होकर भारतीय भक्ति संगीत की अमूल्य निधि बन गया है। यह भजन केवल एक गीत नहीं, बल्कि एक भक्त की अपने आराध्य श्री कृष्ण के प्रति अनन्य शरणागति और अटूट विश्वास का जीवंत दस्तावेज है। कलयुग में जब मन संसार के दुखों और चिंताओं से घिरा होता है, तब प्रभु का नाम ही एकमात्र संबल (सहारा) बनकर जीवात्मा को भवसागर से पार उतारता है। इस भजन में निहित 'बनवारी' शब्द भगवान श्री कृष्ण के उस रूप को संबोधित करता है, जो भक्तों के दुखों को हरने वाले और उनके जीवन के आधार हैं।

सम्पूर्ण गीत के बोल | Complete Lyrics

बनवारी रे, जीने का सहारा तेरा नाम रे
जीने का सहारा तेरा नाम रे
बनवारी रे, जीने का सहारा तेरा नाम रे
जीने का सहारा तेरा नाम रे

दुनिया में हम आए हैं, किस काम के लिए
दुनिया में हम आए हैं, किस काम के लिए
प्रभु के ही गुण गाएं, सुबह और शाम रे
बनवारी रे, जीने का सहारा तेरा नाम रे

सुख में भी तू ही है, दुख में भी तू ही है
सुख में भी तू ही है, दुख में भी तू ही है
तू ही है मेरा साजन, तू ही मेरा धाम रे
बनवारी रे, जीने का सहारा तेरा नाम रे

तेरे ही भरोसे है, मेरी ये जिंदगी
तेरे ही भरोसे है, मेरी ये जिंदगी
तू ही है मेरी नैया, तू ही है मेरा काम रे
बनवारी रे, जीने का सहारा तेरा नाम रे

गीत का सरल हिंदी अर्थ एवं भावार्थ | Song Meaning & Bhavarth

इस भजन का भावार्थ अत्यंत गहरा है। भक्त कहता है कि हे बनवारी (श्री कृष्ण), इस नश्वर संसार में मेरे जीने का एकमात्र आधार आपका पावन नाम ही है। मनुष्य का जीवन व्यर्थ है यदि वह प्रभु के स्मरण में न बीते। भक्त यहाँ स्वीकार करता है कि सुख हो या दुख, दोनों ही स्थितियों में ईश्वर ही एकमात्र सत्य हैं। वे ही भक्त का साजन (प्रियतम) हैं और वे ही उसका धाम (अंतिम गंतव्य) हैं। यह भजन 'शरणागति' के सिद्धांत को पुष्ट करता है, जहाँ भक्त अपनी पूरी जीवन-नौका प्रभु के हाथों में सौंप देता है।

गीत की मुख्य भावना एवं संदेश | Theme, Emotion & Message

इस गीत का मुख्य भाव 'अनन्य भक्ति' और 'समर्पण' है। यह संदेश देता है कि संसार के भौतिक कार्य करते हुए भी मन को प्रभु में लीन रखना ही सच्ची साधना है। यह भजन मानसिक शांति, एकाग्रता और प्रभु के प्रति प्रेम जागृत करने के लिए अत्यंत प्रभावी है।

गीत की जानकारी | Song Information

विवरण जानकारी
गीत का नामबनवारी रे जीने का सहारा
गायिकालता मंगेशकर
विषयश्री कृष्ण भक्ति
भाषाहिंदी
भावशरणागति एवं प्रेम

कठिन शब्दों के अर्थ | Difficult Word Meanings

शब्द अर्थ
बनवारीवन के स्वामी (श्री कृष्ण)
सहारासंबल, आधार
धामनिवास स्थान, वैकुंठ
नैयानाव (जीवन रूपी संसार सागर पार करने हेतु)

गीत का आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व | Spiritual & Cultural Significance

लता मंगेशकर जी की आवाज़ में यह भजन भारतीय घरों में प्रातःकालीन वंदना का हिस्सा बन चुका है। यह भजन हमें याद दिलाता है कि हम इस संसार में केवल कर्म करने आए हैं, लेकिन फल की चिंता प्रभु पर छोड़ देनी चाहिए। यह भजन भक्ति आंदोलन की उस परंपरा को आगे बढ़ाता है जहाँ ईश्वर को 'सखा' और 'आधार' माना गया है।

गीत से मिलने वाली जीवन सीख | Life Lessons

  • पूर्ण समर्पण: जीवन की कठिनाइयों में भी प्रभु पर विश्वास बनाए रखना।
  • नाम स्मरण: निरंतर ईश्वर का नाम जपने से मन की शुद्धि होती है।
  • सकारात्मकता: सुख और दुख को प्रभु की इच्छा मानकर स्वीकार करना।

गीत सुनने का अवसर एवं परंपरा | When to Listen / Sing

इस भजन को नित्य पूजा के समय, संध्या वंदना, या किसी भी समय मन की शांति के लिए सुना जा सकता है। यह विशेष रूप से एकादशी, जन्माष्टमी और राधा-कृष्ण के उत्सवों पर अत्यंत प्रिय है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

'बनवारी' का अर्थ क्या है?

बनवारी का अर्थ है 'वन के स्वामी', जो भगवान श्री कृष्ण का एक अत्यंत प्रिय नाम है।

यह भजन किस भाव को दर्शाता है?

यह भजन 'शरणागति' और 'अनन्य प्रेम' के भाव को दर्शाता है।

क्या यह भजन बच्चों को सुनाना चाहिए?

हाँ, यह भजन बच्चों में संस्कार और भक्ति भाव विकसित करने के लिए उत्तम है।

लता मंगेशकर के अलावा इसे किसने गाया है?

यह भजन कई अन्य कलाकारों द्वारा भी गाया गया है, लेकिन लता जी का संस्करण सबसे अधिक लोकप्रिय है।

इस भजन को सुनने से क्या लाभ है?

इससे मन को शांति मिलती है और प्रभु के प्रति विश्वास दृढ़ होता है।

क्या इसे पूजा के समय गा सकते हैं?

जी हाँ, यह एक अत्यंत पवित्र भजन है जिसे पूजा और कीर्तन में गाया जा सकता है।

क्या यह भजन तनाव कम करने में सहायक है?

भक्ति संगीत मन को शांत करता है और तनाव कम करने में सहायक होता है।

भक्ति का अर्थ क्या है?

ईश्वर के प्रति निस्वार्थ प्रेम और समर्पण ही भक्ति है।

संपादकीय समीक्षा एवं संदर्भ

यह लेख भक्ति संगीत के रसास्वादन और आध्यात्मिक जागृति के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें दी गई जानकारी पारंपरिक स्रोतों और भक्ति साहित्य पर आधारित है। संपादकीय रूप से तैयार सामग्री।

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संदर्भ-आधारित समीक्षा अंतिम अद्यतन: 13 Oct 2026

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