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Vo Jo Bhanu Baba Ki Dulari Hai Lyrics (वो जो भानु बाबा की दुलारी है) – Radha Bhajan 2026 | Shyama Ji Hitkari Hai

225 पाठकों ने पढ़ा | लेखक: Chandan Sah | 2 मिनट पठन समय
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🙏 वो जो भानु बाबा की दुलारी है – बड़ी सुंदर और बड़ी प्यारी है

श्रीमद्भगवद्गीता के दिव्य उपदेशों को जानने के लिए भगवद्गीता खंड अवश्य पढ़ें और भगवान कृष्ण की लीलाओं के गहन अध्ययन के लिए ब्रह्म पुराण का पाठ करें।

(Vo Jo Bhanu Baba Ki Dulari Hai Lyrics In Hindi) – Radha Bhajan 2026 | Shyama Ji Hitkari Hai

दृष्टि शर्मा कृत || स्वर: दृष्टि शर्मा

📝 भजन विवरण

🎤 गायिका/लेखिका: दृष्टि शर्मा
🏷️ श्रेणी: राधा भजन / श्यामा भजन
📍 भाव: प्रेम, श्रद्धा, समर्पण

📜 भजन लिरिक्स (हिन्दी में)

॥ स्थायी ॥

वो जो भानु बाबा की दुलारी है..
बड़ी सुंदर और बड़ी प्यारी है
मैं क्यों अपनी परवाह करूं
मेरी श्यामा जू हितकारी है..

॥ अंतरा १ ॥

मेरी लाडो जिनपे रीझ जाए, उनको ही ब्रज में बुलाती है,
उन्हें आंचल में बिठला करके, प्यारी नित नित प्यार लुटाती है..

वो जो श्यामा जी की अटारी है, हमें प्राणों से भी प्यारी है..!!
मैं क्यों अपनी परवाह करूं, मेरी श्यामा जू हितकारी है...

॥ अंतरा २ ॥

करुणा मई श्यामा प्यारी है, अधमों को भी लाड लडाती है..
करुणा मई श्यामा प्यारी है, अधमों को भी लाड लडाती है..
मुझ जैसी कपटी पापी को, प्यारी नित नए लाड लडाती है..
कोई भाव से राधा नाम कहे.. प्यारी ठाकुर से मिलवाती है..
वो जो भानु बाबा की दुलारी है..
बड़ी सुंदर और बड़ी प्यारी है

॥ अंतरा ३ ॥

अब एक ही आस मेरे मन की, मेरा हर अंग राधा नाम कहे
दिन रैन हीं नाम भजूं प्यारी, और नित ही दर्शन होता रहे
जब दृष्टि पड़ी तेरी चौखट पे.., सब सुध बुध तो पे वरी है..
वो जो भानु बाबा की दुलारी है..
बड़ी सुंदर और बड़ी प्यारी है

वो जो भानु बाबा की दुलारी है..
बड़ी सुंदर और बड़ी प्यारी है
मैं क्यों अपनी परवाह करूं
मेरी श्यामा जू हितकारी है..

✍️ गीतकार एवं गायिका :- दृष्टि शर्मा

Lyrics & Singer: Drishti Sharma

🙏 भजन का अर्थ और संदेश

यह भजन "वो जो भानु बाबा की दुलारी है" राधा रानी (श्यामा जी) की महिमा का गान है। भानु बाबा (राजा वृषभानु) की दुलारी बेटी राधा रानी अत्यंत सुंदर और प्यारी हैं। भक्त कहता है कि जब श्यामा जू उसकी हितकारी हैं, तो वह अपनी परवाह क्यों करे?

"मेरी लाडो जिनपे रीझ जाए, उनको ही ब्रज में बुलाती है" – राधा रानी जिस पर भी प्रसन्न होती हैं, उन्हें ब्रज में बुला लेती हैं और अपने आंचल में बिठाकर नित नए प्यार से लुटाती हैं। श्यामा जी की अटारी (महल) भक्त को प्राणों से भी प्यारी है।

"करुणा मई श्यामा प्यारी है, अधमों को भी लाड लडाती है" – श्यामा जी करुणा से भरी हुई हैं, वे नीच से नीच (अधम) लोगों को भी लाड-प्यार करती हैं। भक्त स्वयं को कपटी और पापी बताते हुए कहता है कि फिर भी प्यारी उसे नित नए लाड लडाती हैं।

"कोई भाव से राधा नाम कहे.. प्यारी ठाकुर से मिलवाती है" – जो कोई भी सच्चे भाव से राधा नाम का स्मरण करता है, प्यारी राधा उसे ठाकुर जी (कृष्ण) से मिलवा देती हैं। यह राधा नाम की महिमा को दर्शाता है।

"अब एक ही आस मेरे मन की, मेरा हर अंग राधा नाम कहे" – भक्त की एक ही अभिलाषा है कि उसका हर अंग राधा नाम का जाप करे, दिन-रात वह नाम का भजन करे और नित्य दर्शन होते रहें। जब उसकी दृष्टि राधा रानी की चौखट पर पड़ती है, उसकी सारी सुध-बुध समाप्त हो जाती है।

🔍 राधा भजन का विशेष महत्त्व

भानु बाबा की दुलारी: राधा रानी को राजा वृषभानु की पुत्री होने के कारण "भानु बाबा की दुलारी" कहा गया है। यह उनके पारिवारिक गौरव और उनके पिता के प्रेम को दर्शाता है।

श्यामा जू हितकारी: "मैं क्यों अपनी परवाह करूं, मेरी श्यामा जू हितकारी है" – यह पंक्ति भक्त के पूर्ण विश्वास को दर्शाती है। जब राधा रानी स्वयं उसके कल्याण के लिए हैं, तो वह अपनी चिंता क्यों करे? यह समर्पण की पराकाष्ठा है।

अधमों पर कृपा: "अधमों को भी लाड लडाती है" – राधा रानी की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि वे नीच से नीच व्यक्ति पर भी कृपा करती हैं। वे भेदभाव नहीं करतीं। भक्त स्वयं को कपटी और पापी बताकर इसी कृपा का पात्र बनना चाहता है।

राधा नाम की महिमा: "कोई भाव से राधा नाम कहे.. प्यारी ठाकुर से मिलवाती है" – यह बताता है कि राधा नाम ही कृष्ण तक पहुँचने का सबसे सरल मार्ग है। राधा जी अपने भक्तों को स्वयं कृष्ण से मिलवाती हैं।

दृष्टि शर्मा की रचना: यह भजन दृष्टि शर्मा द्वारा लिखा और गाया गया है। उन्होंने अपने नाम "दृष्टि" को भजन में इस प्रकार पिरोया है कि जब दृष्टि राधा की चौखट पर पड़ती है, सब सुध-बुध समाप्त हो जाती है।

💖 राधा नाम का महत्व

🎯 संदेश

इस भजन का मूल संदेश यह है कि राधा रानी की कृपा से ही कृष्ण की प्राप्ति होती है। वे करुणामई हैं और सबको अपनाती हैं। यदि राधा जी हितकारी हैं, तो भक्त को किसी बात की चिंता नहीं होनी चाहिए। बस निरंतर राधा नाम का जाप और उनके दर्शन की लालसा ही सच्ची भक्ति है।

✨ समर्पण की भावना

वो जो भानु बाबा की दुलारी है केवल एक भजन नहीं, बल्कि राधा रानी के प्रति पूर्ण समर्पण और प्रेम की अभिव्यक्ति है। यह हमें सिखाता है कि सच्ची भक्ति में अपनी परवाह छोड़कर केवल प्रभु की इच्छा पर निर्भर रहना होता है।

🙏 राधे राधे !! श्री राधा कृष्ण की जय !! वृषभानु दुलारी राधा रानी की जय !!

॥ दृष्टि शर्मा कृत राधा भजन ॥
॥ मैं क्यों अपनी परवाह करूं, मेरी श्यामा जू हितकारी है ।।

Lyrics & Singer: Drishti Sharma

श्रेणियां: kriahna bhajan krishna bhajan

विश्वसनीय धार्मिक एवं आध्यात्मिक जानकारी

यह सामग्री भक्तिलोक संपादकीय टीम द्वारा उपलब्ध धार्मिक स्रोतों, प्रकाशित संदर्भों और परंपरागत पाठों की तुलना के आधार पर तैयार एवं समीक्षा की गई है। जहाँ पाठ के विभिन्न संस्करण उपलब्ध हैं, वहाँ संबंधित संस्करण या स्रोत का उल्लेख किया जाता है।

समीक्षित एवं सत्यापित अंतिम अद्यतन: 12 Aug 2026

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