दीप जले जब द्वार तुम्हारे (Deep Jale Jab Dvaar Tumhare Lyrics in Hindi)

दीप जले जब द्वार तुम्हारे (Deep Jale Jab Dvaar Tumhare Lyrics in Hindi) - Bhaktilok


(माँ लक्ष्मी को समर्पित भजन)


दीप जले जब द्वार तुम्हारे,

सुख-समृद्धि आए सारे।

तेरी महिमा गाएँ माता,

सजदे में शीश झुकाए रे।।


कमल पर बैठी आई हो,

संग में शुभ संदेश लायी हो।

तेरी कृपा से उजियारा हो,

हर घर में दीप जलाए रे।।


दीप जले जब द्वार तुम्हारे,

सुख-समृद्धि आए सारे।।


शुभ लाभ का दान दो माँ,

हर मन में उजास दो माँ।

तेरे बिना कुछ भी अधूरा,

भक्तों को आशीष दे माँ।।


दीप जले जब द्वार तुम्हारे,

सुख-समृद्धि आए सारे।।