अध्याय 1: संक्षेप रामायण
श्लोक 16
संक्षेप रामायण – श्लोक 16
संस्कृत श्लोक
तस्य भ्राता चतुर्वर्षात् लक्ष्मणः शत्रुसूदनः। भरतश्च शत्रुघ्नश्च सर्वे रामानुजाः प्रियाः॥
हिंदी अनुवाद
उनके चार भाई हैं – लक्ष्मण (शत्रुसूदन), भरत और शत्रुघ्न। ये सभी राम के अनुज (छोटे भाई) और प्रिय हैं।
अर्थ / व्याख्या
राम के तीन भाइयों (लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न) का परिचय।
टिप्पणी
लक्ष्मण को "शत्रुसूदन" कहा गया है। भरत और शत्रुघ्न का भी सम्मानपूर्वक नाम लिया गया।
॥ श्लोक १६ ॥
तस्य भ्राता चतुर्वर्षात् लक्ष्मणः शत्रुसूदनः। भरतश्च शत्रुघ्नश्च सर्वे रामानुजाः प्रियाः॥
tasya bhrātā caturvarṣāt lakṣmaṇaḥ śatrusūdanaḥ | bharataśca śatrughnaśca sarve rāmānujāḥ priyāḥ ||
🔹 हिन्दी : उनके चार भाई हैं – लक्ष्मण (शत्रुसूदन), भरत और शत्रुघ्न। ये सभी राम के अनुज और प्रिय हैं।
🔹 English : He has four younger brothers: Lakshmana (destroyer of enemies), Bharata, and Shatrughna. All of them are dear to Rama.
🔍 शब्दार्थ
| संस्कृत | हिन्दी अर्थ |
|---|---|
| तस्य | उनके |
| भ्राता | भाई |
| चतुर्वर्षात् | चार (वर्ष/संख्या) |
| लक्ष्मणः | लक्ष्मण |
| शत्रुसूदनः | शत्रुओं का नाश करने वाला |
| भरतः | भरत |
| च | और |
| शत्रुघ्नः | शत्रुघ्न |
| च | और |
| सर्वे | सभी |
| रामानुजाः | राम के अनुज |
| प्रियाः | प्रिय |
राम के तीन छोटे भाई – लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न। सभी परस्पर प्रेम रखते हैं।