युद्ध काण्ड अध्याय 42 | 0 श्लोक

हनुमान् और अंगद द्वारा यज्ञ भंग

लक्ष्मण के साथ हनुमान, अंगद और वानर सेना निकुंभिला पहुँचते हैं और इंद्रजीत के यज्ञ को भंग कर देते हैं। इंद्रजीत को युद्ध के लिए विवश होना पड़ता है।