उत्तर काण्ड
अध्याय 100 | 0 श्लोक
बुध का इला से मिलन
इस सर्ग में इला के स्त्री रूप में चंद्रपुत्र बुध से मिलन और पुरूरवा के जन्म का विस्तृत वर्णन है। अंत में राम अश्वमेध यज्ञ करने का संकल्प लेते हैं।
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