किष्किन्धा काण्ड
अध्याय 55 | 0 श्लोक
वानरों का मृत्यु तक उपवास करने का निर्णय
किष्किन्धाकाण्ड के पचपनवें सर्ग में वानर सेना के दक्षिण दिशा में सीता की खोज करते हुए निराश होने और समुद्र तट पर आत्मघाती उपवास (प्रायोपवेश) का निर्णय लेने का वर्णन है। अंगद के नेतृत्व में वे सभी मृत्यु तक उपवास करने का प्रण लेते हैं।
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