किष्किन्धा काण्ड अध्याय 25 | 0 श्लोक

वालि की अंत्येष्टि क्रिया

किष्किन्धाकाण्ड का पच्चीसवाँ सर्ग वालि के अंतिम संस्कार का वर्णन करता है। राम के बाण से घायल वालि तारा की गोद में अंतिम साँस लेता है। राम के आदेश पर लक्ष्मण सुग्रीव के राज्याभिषेक हेतु साल वृक्षों को लाते हैं और वालि की चिता का निर्माण करते हैं। तारा का विलाप, वालि का अंतिम संस्कार और सुग्रीव का राज्याभिषेक इस सर्ग की मुख्य घटनाएँ हैं।