अयोध्या काण्ड अध्याय 104 | 0 श्लोक

रावण का लंका की ओर प्रस्थान

अयोध्या काण्ड का यह सर्ग दण्डकारण्य में शूर्पणखा द्वारा अपने भाई रावण के पास पहुँचने और उसे खर-दूषण के वध का समाचार देने से आरम्भ होता है। बहन की विरूप दशा और भाइयों के वध से क्रोधित होकर रावण, सीता का हरण करने की योजना बनाते हुए, लंका की ओर प्रस्थान करता है।

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