उत्तर काण्ड अध्याय 45 | 0 श्लोक

रावण का श्वेतद्वीप जाना

अगस्त्य ऋषि राम को बताते हैं कि कैसे रावण ने श्वेतद्वीप की यात्रा की और वहाँ भगवान विष्णु के अनन्य भक्तों के दर्शन किए।