अयोध्या काण्ड
अध्याय 36 | 0 श्लोक
भरत को अयोध्या बुलाना
इस सर्ग में राजा दशरथ, राम के वनगमन के पश्चात् अत्यंत दुःखी होकर अपने प्रिय पुत्र भरत को बुलाने का निर्णय लेते हैं। वे अपने मंत्री सुमंत्र को भरत और शत्रुघ्न को लाने के लिए उनके ननिहाल (कैकेयी के पिता के यहाँ) भेजते हैं।
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