अयोध्या काण्ड अध्याय 110 | 0 श्लोक

जटायु से भेंट

राम और लक्ष्मण सीता की खोज में वन-वन भटकते हुए महेंद्र पर्वत के निकट पहुँचते हैं। वहाँ उन्हें घायल अवस्था में गिधराज जटायु दिखाई देते हैं। जटायु राम को पहचान कर उन्हें सूचित करते हैं कि रावण सीता को हरकर दक्षिण दिशा की ओर ले गया है। यह सुन राम अत्यंत दुःखी होते हैं और जटायु उनके सामने प्राण त्याग देते हैं।

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