Kripa | कृपा | Khatu Shyam Bhajan | by Kamal Kanha Sukhwani | तूने उसे थाम लिया जिसने तेरा नाम लिया - BhaktiLok


Kripa | कृपा | Khatu Shyam Bhajan | by Kamal Kanha Sukhwani | तूने उसे थाम लिया जिसने तेरा नाम लिया

जिसने भी लगाया जयकारा दुनिया से फिर ना वो हारा तूने उसे थाम लिया रे जिसने तेरा नाम लिया रे श्याम श्री श्याम श्री श्याम श्री श्याम श्याम श्री श्याम श्री श्याम श्री श्याम श्याम कृपा तुम ऐसी कर दो खाटू में बस जाऊं डेरा मेरा यहीं बसा दो लौट के घर ना जाऊं मणि तो राहों का बंजारा फिरता हूँ मैं मारा मारा तूने उसे थाम लिया रे जिसने तेरा नाम लिया रे जिसने भी ये नाम लिया है वो प्रेमी कहलाया गोद में लेकर तूने उसके सर पर हाथ फिराया जिसको था सबने दुत्कारा बेचारा था ग़म का मारा तूने उसे थाम लिया रे जिसने तेरा नाम लिया रे श्याम की चौखट पा कर जीवन में प्रकाश आएगा विक्की के जीवन से फिर अँधियारा मिट जाएगा कान्हा चमकेगा बन तारा बन जाएगा सबका प्यारा तूने उसे थाम लिया रे जिसने तेरा नाम लिया र