अयोध्या काण्ड
अध्याय 7 | 0 श्लोक
मंथरा द्वारा कैकेयी को समझाना
अयोध्याकाण्ड के सातवें सर्ग में मंथरा नामक कुब्जा दासी कैकेयी के मन में राम के राज्याभिषेक के प्रति विष भरती है। वह कैकेयी को यह विश्वास दिलाती है कि राम का राज्याभिषेक उसके पुत्र भरत के लिए अभिशाप सिद्ध होगा, और उसे दशरथ से प्राप्त दो वरदानों का उपयोग कर भरत का राज्याभिषेक और राम का वनवास माँगने के लिए उकसाती है।
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