अयोध्या काण्ड
अध्याय 65 | 0 श्लोक
दंडकारण्य की ओर प्रस्थान
भरत के लौट जाने के बाद, राम चित्रकूट से आगे बढ़कर दंडकारण्य वन में प्रवेश करने का निर्णय लेते हैं। सीता और लक्ष्मण सहित वे घने जंगलों और पर्वतों को पार करते हुए ऋषियों के आश्रमों में जाते हैं और वनवास के कठिन दिनों की शुरुआत करते हैं।
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