प्रसिद्ध मंदिर
श्री बड़े हनुमान जी मंदिर (लेटे हनुमान जी), प्रयागराज: त्रिवेणी संगम पर हनुमान जी का दिव्य धाम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के इलाहाबाद किले में स्थित श्री बड़े हनुमान जी मंदिर (लेटे हनुमान जी) विश्व का एकमात्र शयन मुद्रा में विराजित हनुमान मंदिर है। त्रिवेणी संगम से सटे इस दिव्य धाम की पौराणिक कथा, वास्तुकला, हनुमान चालीसा और यात्रा की संपूर्ण जानकारी।
सुबह 5:00 बजे से रात 10:00 बजे तक विस्तार से
श्री शिर्डी साईं बाबा मंदिर, सिविल लाइन्स, प्रयागराज: श्रद्धा और सबूरी का पवित्र धाम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के सिविल लाइन्स में स्थित श्री शिर्डी साईं बाबा मंदिर श्रद्धा और सबूरी का प्रतीक है। यहाँ नियमित आरतियाँ, गुरुवार का विशेष भंडारा और साईं बाबा की भव्य प्रतिमा के दर्शन होते हैं। जानिए मंदिर का महत्व, आरती समय, और यात्रा की जानकारी।
Kakad Aarti: 4:30 AM, Madhyan Aarti: 12:00 PM, Dhup Aarti: 6:30 PM (Summer) / 5:30 PM (Winter), Shej Aarti: 9:30 PM विस्तार से
काल्याणी देवी मंदिर, प्रयागराज: शक्ति और सिद्धि का पवित्र शक्तिपीठ
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के मध्य में स्थित माँ काल्याणी देवी मंदिर एक प्रमुख शक्तिपीठ है। यह मंदिर शक्ति, सिद्धि और कल्याण की देवी माँ काल्याणी को समर्पित है। जानिए इस शक्तिपीठ की पौराणिक कथा, मंदिर की वास्तुकला, आरती का समय, नवरात्रि उत्सव और यात्रा की संपूर्ण जानकारी।
05:00 AM - 12:00 PM, 04:00 PM - 09:00 PM विस्तार से
अलोपी देवी मंदिर (शक्तिपीठ), अलोपीबाग, प्रयागराज: दिव्य शक्ति की अनोखी पीठ
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के अलोपीबाग में स्थित अलोपी देवी मंदिर (शक्तिपीठ) 51 शक्तिपीठों में से एक अनोखा स्थल है, जहाँ कोई मूर्ति नहीं बल्कि एक सुनहरी पालकी में माँ विराजमान हैं। जानिए इसकी पौराणिक कथा, महत्व, आरती, त्योहार और यात्रा संबंधी जानकारी।
मनकामेश्वर मंदिर, प्रयागराज: यमुना तट पर स्थित मनोकामनाओं का दिव्य धाम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के यमुना तट पर स्थित मनकामेश्वर मंदिर एक प्राचीन एवं प्रसिद्ध शिव मंदिर है। यह मनोकामना पूर्ति की अपनी मान्यता के लिए जाना जाता है। त्रिवेणी संगम के निकट स्थित इस मंदिर की स्थापना भगवान राम ने की थी। जानिए इसका इतिहास, महत्व, यात्रा समय और आस-पास के दर्शनीय स्थल।
हनुमत निकेतन, सिविल लाइन्स, प्रयागराज: श्री हनुमान जी का दिव्य एवं भव्य मंदिर
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के सिविल लाइन्स क्षेत्र में स्थित हनुमत निकेतन श्री हनुमान जी का एक भव्य एवं प्रसिद्ध मंदिर है। यहाँ नियमित हनुमान चालीसा, सुंदरकांड पाठ और भजन-कीर्तन का आयोजन होता है। यह स्थान आस्था, शक्ति और आध्यात्मिक शांति का अद्भुत केंद्र है।
सुबह 5:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक, शाम 4:00 बजे से रात 9:00 बजे तक विस्तार से
सोमेश्वर महादेव मंदिर, अरैल घाट, नैनी, प्रयागराज: त्रिवेणी संगम के संरक्षक भगवान शिव
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के अरैल घाट, नैनी पर स्थित सोमेश्वर महादेव मंदिर एक प्राचीन और दिव्य शिव मंदिर है। चंद्रदेव की तपोस्थली होने के कारण यह चंद्र दोष निवारण के लिए प्रसिद्ध है। गंगा तट पर स्थित यह मंदिर त्रिवेणी संगम के निकट है और अपनी शांत वातावरण, भव्यता और आध्यात्मिक ऊर्जा के लिए जाना जाता है। जानिए इसका महत्व, पौराणिक कथा, और यात्रा की संपूर्ण जानकारी।
संगम मंदिर, त्रिवेणी संगम, प्रयागराज: तीन पवित्र नदियों का अद्वितीय संगम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के त्रिवेणी संगम पर स्थित संगम मंदिर हिंदुओं का अत्यंत पवित्र स्थल है। यहाँ गंगा, यमुना और सरस्वती का संगम होता है। यह स्थान कुंभ मेले, अर्धकुंभ और माघ मेले के लिए प्रसिद्ध है। जानिए इसका महत्व, पौराणिक कथा और यात्रा की जानकारी।
चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, प्रयागराज: आस्था और स्वतंत्रता संग्राम का अद्वितीय संगम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के ऐतिहासिक चंद्रशेखर आज़ाद पार्क में स्थित हनुमान मंदिर आस्था, शक्ति और स्वतंत्रता संग्राम का अद्वितीय संगम है। यहाँ हनुमान जी की भव्य प्रतिमा, हरा-भरा परिसर और चंद्रशेखर आज़ाद का स्मारक स्थित है। जानिए इसका इतिहास, महत्व, दर्शन समय, और यात्रा की संपूर्ण जानकारी।
हनुमान मंदिर (मनकामेश्वर परिसर), प्रयागराज: यमुना तट पर मनोकामना पूर्ति का दिव्य धाम
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के यमुना तट पर स्थित हनुमान मंदिर (मनकामेश्वर परिसर) भगवान हनुमान का एक प्राचीन एवं शक्तिशाली मंदिर है। यहाँ सच्ची श्रद्धा से मांगी गई मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं। मंदिर की प्राचीन मूर्ति, यमुना का तटीय दृश्य और मनकामेश्वर मंदिर से निकटता इसे एक अद्वितीय आध्यात्मिक केंद्र बनाते हैं। जानिए यहाँ की पौराणिक कथा, महत्व, दर्शन समय और यात्रा सुझाव।
भारद्वाज आश्रम, बालसन चौराहा, प्रयागराज: महर्षि भारद्वाज की तपोस्थली और रामायण से जुड़ा पावन स्थल
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के बालसन चौराहा पर स्थित भारद्वाज आश्रम महर्षि भारद्वाज की तपोस्थली है, जहाँ रामायण काल में भगवान श्रीराम ने आश्रय लिया था। यह स्थल वैदिक पाठशाला, आयुर्वेद केंद्र, प्राचीन वट वृक्ष और ध्यान साधना के लिए प्रसिद्ध है। जानिए इसका ऐतिहासिक, धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व।
नाग वासुकी मंदिर, दारागंज घाट, प्रयागराज: गंगा तट पर स्थित नाग देवता का पवित्र मंदिर
Prayagraj, Uttar Pradesh
प्रयागराज के दारागंज घाट पर गंगा तट पर स्थित नाग वासुकी मंदिर नागराज वासुकी को समर्पित एक पवित्र स्थल है। यहाँ की सात फन वाली भव्य मूर्ति, नाग पंचमी का उत्सव, और कालसर्प दोष निवारण की मान्यता इसे विशेष बनाती है। जानिए पौराणिक कथा, मंत्र, आरती, और यात्रा की जानकारी।
05:00 AM - 09:00 PM विस्तार से