मेरे घर के आगे श्याम तेरा मंदिर बन जाये || Mere ghar ke aage shyaam tera mandir ban jaaye ||



मेरे घर के आगे श्याम तेरा मंदिर बन जाये,

जब खिड़की खोलू तो तेरा दर्शन हो जाये,

मेरे घर के आगे श्याम तेरा मंदिर बन जाये,


जब पास रहेंगे तो आना जाना होगा,

मेरे भगवन हम दोनों का बस एक ठिकाना होगा,

तू सामने हो मेरे चाहे दम की निकल जाये,

जब खिड़की खोलू तो तेरा दर्शन हो जाये....


आरती हो तेरी मुझे घंटी सुनाई देगी,

मुझे रोज सवेरे मूरत दिखाई देगी,

सेवा करने से मेरा जीवन सवर जाये,

जब खिड़की खोलू तो तेरा दर्शन हो जाये....


मैं हर रोज तुझको जाके परनाम करू गी,

जो मेरे लायक होगा वो तेरा काम करुगी,

सेवा तेरी से मेरा जीवन सवर जाये,

जब खिड़की खोलू तो तेरा दर्शन हो जाये....