राम मेरे घर का किराया सारा भर दो लिरिक्स (Ram Mere Ghar Ka Kiraya Lyrics in Hindi) - 


राम मेरे घर का किराया सारा भर दो,

दीजिए, राम मेरे घर का किराया सारा भर दो।

मैंने बहुत सहारा पाला है, मुझे तन मन से,

मेरी नियत भी खारा भर दो।


किसके बाप की संगत तुमने यहाँ की है,

किसके बाप ने यहाँ का सिक्का चलाया है।

जब लोग बीवी-बच्चों को बेगाना समझते हैं,

फिर उस बेगाने का अपना ही घर क्यों बनाया है।


राम मेरे घर का किराया सारा भर दो,

दीजिए, राम मेरे घर का किराया सारा भर दो।

मैंने बहुत सहारा पाला है, मुझे तन मन से,

मेरी नियत भी खारा भर दो।


गधों की तरह बदनाम मैं न हो जाऊँ,

इतना सारा किराया मैं कहाँ से दोऊँ।

जिसने भी ज़मीन माँगी, उसने भी कह दिया,

"तुम्हारे घर का किराया सारा भर दो"।


राम मेरे घर का किराया सारा भर दो,

दीजिए, राम मेरे घर का किराया सारा भर दो।

मैंने बहुत सहारा पाला है, मुझे तन मन से,

मेरी नियत भी खारा भर दो।