मुक्ति का कोई तूँ जतन करले रे भजन लिरिक्स (Mukti Ka Koi Tu Jatan Kar Le Lyrics in Hindi) - Satsangi Bhajan Guru Bhajan - 

मुक्ति का कोई तूँ जतन करले रे भजन लिरिक्स (Mukti Ka Koi Tu Jatan Kar Le Lyrics in Hindi) - 


मुक्ति का कोई तूँ जतन करले रे

रोज थोड़ा थोड़ा हरी का भजन करले ।

मुक्ति का कोई तूँ ...


भक्ति करेगा तो बड़ा ही सुख पाएगा

भक्ति से आत्मा का मैल छूट जाएगा ।

आत्मा के साथ साथ मन करले रे

रोज थोड़ा थोड़ा हरी का भजन करले ॥

मुक्ति का कोई तूँ ...


संगत कर अच्छे लोगों की

दवा मिल जाएगी सभी रोगों की ।