मेरे घर राम आए हैं लिरिक्स (Mere Ghar Ram Aaye Hain Lyrics in Hindi) - Jubin Nautiyal: Dipika C Ram Bhajan - Bhaktilok
मेरी चौखट पे चल के आज
चारो धाम आये हैं
बजाओ ढोल स्वागत में
मेरे घर राम आये हैं
कथा शबरी की जैसे
जुड़ गयी मेरी कहानी से
ना रोको आज धोने दो चरण
आँखों के पानी से
बहोत खुश हैं मेरे आंसू
के प्रभु के काम आये हैं
बजाओ ढोल स्वागत में
मेरे घर राम आये है
तुमको पा के क्या पाया है
सृष्टि के कण कण से पूछो
तुमको खोने का दुःख क्या है
कौसल्या के मन से पूछो
द्वार मेरे ये अभागे
आज इनके भाग जागे
बड़ी लम्बी इन्तेज़ारी हुई
रघुवर तुम्हारी तब
आयी है सवारी
संदेशे आज खुशियों के
हमारे नाम आये है
बजाओ ढोल स्वागत में
मेरे घर राम आये है
दर्शन पा के हे अवतारी
धनि हुए हैं नैन पुजारी
जीवन नइयाँ तुमने तारी
मंगल भवन अमंगल हारी
मंगल भवन अमंगल हारी
निर्धन का तुम धन हो राघव
तुम ही रामयण हो राघव
सब दुःख हरना अवध बिहारी
मंगल भवन अमंगल हारी
मंगल भवन अमंगल हारी
मंगल भवन अमंगल हारी
चरण की धुल ले लूँ मैं
मेरे भगवन आये है
बजाओ ढोल स्वागत में
मेरे घर राम आये है
मेरी चौखट पे चल के आज
चारो धाम आये हैं
बजाओ ढोल स्वागत में
मेरे घर राम आये हैं