कान्हा की बांसुरी (Kanha Ki Bansuri Lyrics in Hindi) - 


बजे जब बंसी जमुना पार 

तो सुनकर दौड़ी सब ब्रज नार 

ऐसी बंसी वो बजाये कोई भी रोक ना पाये 

कोई भी रोक ना पाए........


राधे संग सखियाँ ढूंढें बनवारी को 

छुपा कहाँ हैं देखो मदन मुरारी को 

छेड़ के सबके मन के तार 

जाए बैठ्यो अमुआ की डाल

बजे जब बंसी...........


काहे कान्हा तू इतना इठलावत है 

हम सखियन को काहे बड़ा सतावत है 

बुलाय के हमको जमुना पार

ये कितनो नटखट मदन मुरार

बजे जब बंसी...........


मन को धीरज हर कान्हा मुस्काये रयो 

करके तंग हमें अब ये सैन चलाये रयो 

काहे हमें ऐसे रयो निहार 

मन में का चल रयो विचार 

बजे जब बंसी...........


  • Song: Kanha Ki Bansuri
  • Singer: Subhangi Soni
  • Music: Lovely Sharma
  • Lyricist: Dheeraj Saxena
  • Drone: Rishabh Kumar
  • Video: AP Films
  • Producers: Ramit Mathur
  • Label: Yuki